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यूएनजीए 2030 तक आंखों की दिक्कतों से पीड़ित 1.1 अरब लोगों की मदद करेगा

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By NS Desk | 24-Jul-2021

न्यूयॉर्क, 24 जुलाई (आईएएनएस)। संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) ने 2030 तक दृष्टि हानि (साइट लॉस) से पीड़ित 1.1 अरब लोगों की आंखों की देखभाल के लिए वैश्विक पहुंच सुनिश्चित करने के उद्देश्य से अपने पहले संकल्प को अपनाया है।

संकल्प - विजन फॉर एवरीवन - को शुक्रवार को सर्वसम्मति से अपनाया गया और इसने सीखने से लेकर कमाई तक, स्वास्थ्य और प्रभावित लोगों के जीवन पर आंखों की समस्याओं के प्रभाव को मान्यता दी।

असेंबली ने अपने 193 सदस्य राष्ट्रों से नेत्र देखभाल सेवाओं तक पहुंच सुनिश्चित करने का आह्वान किया है। इसने सदस्य राष्ट्रों से 2030 तक कम से कम 1.1 अरब उन लोगों तक पहुंचने के लिए संसाधन और समर्थन जुटाने का भी आग्रह किया है, जिनकी ²ष्टि बाधित है और वर्तमान में आंखों की देखभाल सेवाओं तक पहुंच नहीं है।

बांग्लादेश की संयुक्त राष्ट्र की राजदूत रबाब फातिमा ने प्रस्ताव पेश करते हुए कहा कि ²ष्टि हानि या आंखों की दिक्कतों से प्रभावित अधिकांश लोग निम्न और मध्यम आय वाले देशों में रहते हैं और 55 प्रतिशत नेत्रहीन महिलाएं और लड़कियां हैं।

उन्होंने कहा कि दृष्टि हानि से जुड़ी गरीबी और असमानता को दूर करने के लिए एक आदर्श बदलाव के साथ-साथ पूरे समाज के ²ष्टिकोण की आवश्यकता है।

इसके अलावा, दृष्टि की हानि स्वास्थ्य से लेकर लैंगिक समानता तक कई अन्य सतत विकास लक्ष्यों से भी जुड़ी हुई है। संकल्प में कहा गया है कि दृष्टि हानि भी 411 अरब डॉलर की वार्षिक वैश्विक उत्पादकता हानि का कारण बन रही है, इसलिए तत्काल कार्रवाई से रोजगार क्षमता और शिक्षा में वृद्धि होनी चाहिए।

आंखों की देखभाल परिवर्तनकारी हो सकती है और एक साधारण परीक्षण या चश्मे की एक जोड़ी से काम पर या फिर स्कूल जाने को लेकर एक बड़ा फर्क पैदा किया जा सकता है।

फातिमा ने सदस्य देशों से जरूरतमंद लोगों को आशा का एक मजबूत संदेश भेजने का आग्रह करते हुए कहा, यह प्रस्ताव एक महत्वपूर्ण क्षण है।

--आईएएनएस

एकेके/एएनएम

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डिस्क्लेमर - लेख का उद्देश्य आपतक सिर्फ सूचना पहुँचाना है. किसी भी औषधि,थेरेपी,जड़ी-बूटी या फल का चिकित्सकीय उपयोग कृपया योग्य आयुर्वेद चिकित्सक के दिशा निर्देश में ही करें।
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