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एमपी के बाद राजस्थान में सबसे ज्यादा कोविड एंटीबॉडीज : सर्वे

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By NS Desk | 29-Jul-2021

जयपुर, 29 जुलाई (आईएएनएस)। सितंबर/अक्टूबर तक कोविड-19 की तीसरी लहर की आशंकाओं के बीच राजस्थान के लिए अच्छी खबर है, क्योंकि यहां की 76 फीसदी आबादी में कोरोना वायरस के खिलाफ एंटीबॉडी हैं।

इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर ) द्वारा पिछले महीने कराए गए सीरो सर्वे की रिपोर्ट में इस बात का खुलासा हुआ है।

रिपोर्ट के अनुसार जून-जुलाई में राजस्थान के विभिन्न शहरों से कुल 1,226 रैंडम सैंपल लिए गए। जब इन नमूनों का परीक्षण किया गया तो 934 नमूनों में एंटीबॉडी पाए गए। इस सर्वे रिपोर्ट ने राज्य के लोगों में कोविड एंटीबॉडीज की मौजूदगी के संकेत दिए हैं।

सीरो सर्वे रिपोर्ट में आगे कहा गया है कि देश भर में सबसे ज्यादा एंटीबॉडी मध्य प्रदेश के लोगों में पाई गई है, जो कि आबादी का करीब 79 फीसदी है। मध्य प्रदेश के बाद राजस्थान दूसरे नंबर पर आता है। इसी तरह सबसे कम एंटीबॉडी की गिनती केरल में हुई है जो कि महज 44 फीसदी है।

राजस्थान में दूसरी कोविड लहर के दौरान ढाई महीने (अप्रैल, मई और मध्य जून तक) में करीब 6 लाख पॉजिटिव केस मिले। कोरोनावायरस के कारण 6,000 से अधिक लोगों की जान चली गई।

रिपोर्ट के अनुसार, मध्य प्रदेश अपनी 79 प्रतिशत आबादी में एंटीबॉडी के साथ चार्ट में सबसे आगे है, जबकि राजस्थान 76.2 प्रतिशत सीरो प्रसार के साथ दूसरे स्थान पर है। बिहार में 75.9 प्रतिशत, गुजरात में 75.3 प्रतिशत, छत्तीसगढ़ में 74.6 प्रतिशत, उत्तराखंड में 73.1 प्रतिशत, उत्तर प्रदेश में 71 प्रतिशत और आंध्र प्रदेश में 70.2 प्रतिशत सीरो प्रसार है।

इसी तरह कर्नाटक में यह 69.8 फीसदी, तमिलनाडु में 69.2 फीसदी, ओडिशा में 68.1 फीसदी, पंजाब में 66.5 फीसदी, तेलंगाना में 63.1 फीसदी, जम्मू-कश्मीर में 63 फीसदी, हिमाचल प्रदेश में 62 फीसदी, झारखंड में 61.2 फीसदी, पश्चिम बंगाल में 60.9 फीसदी, हरियाणा में 60.1 फीसदी, महाराष्ट्र में 58 फीसदी, असम में 50.3 फीसदी और केरल में 44.4 फीसदी है।

--आईएएनएस

आरएचए/एएनएम

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डिस्क्लेमर - लेख का उद्देश्य आपतक सिर्फ सूचना पहुँचाना है. किसी भी औषधि,थेरेपी,जड़ी-बूटी या फल का चिकित्सकीय उपयोग कृपया योग्य आयुर्वेद चिकित्सक के दिशा निर्देश में ही करें।
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